- Toxics Link Welcomes CDSCO’s Nationwide Action Against Toxic Skin-Lightening Products
- bajaj Electricals comes on board as co-Powered by sponsor for Bigg Boss Hindi Season 20
- Rupali Suri, Manushi Chhillar and Malaika Arora Rule the Fashion Game: 3 Style Icons Who Continue to Turn Heads
- From Hathoda Tyagi to Jana: 7 Roles That Show Abhishek Banerjee’s Range
- Rohit Saraf on Undergoing 15-Months of Physical Transformation for The Revolutionaries: I was active, I was fit, but I was definitely not Brad Pitt from Fight Club
प्रदेश में चिकित्सकों के रिक्त पद भरे जायेंगे- स्वास्थ्य मंत्री सिलावट
स्वास्थ्य मंत्री श्री सिलावट ने किया एमवाय अस्पताल और जिला अस्पताल का अकास्मिक निरीक्षण
इंदौर. स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री तुलसी सिलावट ने आज एमवाय अस्पताल और जिला अस्पताल का आकास्मिक निरीक्षण किया। उन्होने इन अस्पतालों में साफ-सफाई, पेयजल आदि के मुकम्मल इंतजाम करने के सख्त निर्देश दिये। एमवाय अस्ताल में उन्होने तीसरी मंजिल में वार्ड क्रमांक 16 बेड क्रमांक 20 में भर्ती मुन्नालाल पिता हीरालाल निवासी राऊ से रू-ब-रू चर्चा की।
उनके इलाज के संबंध में चिकित्सकों को निर्देश दिये और कुशलक्षेम पुछा। उन्होने कहा कि एमवाय अस्पताल में कयाकल्प के बाद भी बहुत सारी कमियाँ है, जिन्हें शीघ्रातिशीघ्र पूरा किया जायेगा। उन्होने कहा कि विशेष मुहिम चलाकर प्रदेश में चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टॉफ की भर्ती की जायेगी।
उन्होने जिला अस्पताल का निरीक्षण करते हुए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ प्रवीण जड़िया और सिविल सर्जन डॉ एन.पी शर्मा को निर्देश दिये कि जिला अस्पताल का नया भवन एक साल में बन जाना चाहिए और पुरानी बिल्डिंग को तोड़ने का काम दो सप्ताह में हो जाना चाहिए। जिला अस्पताल के नये भवन के निर्माण की प्रगति का निरीक्षण हर हफ्ते क्षेत्रीय विधायक एवं पार्षदों द्वारा नियमित रूप से किया जायेगा, जिससे काम की गुणवत्ता बनी रहें और काम शीघ्रातिशीघ्र पूरा हो।
यहां के मरीजों का जिला अस्पताल के मरीजों को हुकुमचंद अस्पताल, एमटीएच अस्पताल और बाणगंगा अस्पताल शिफ्ट तो कर दिया गया है मगर इससे मरीजों को बहुत परेशानी हो रही हैं। नया भवन बनने से मरीजों को राहत मिलेगी। हम जनप्रतिनिधि हैं और जनता के उत्तरदायी हैं। मरीज सबसे मजबूर व्यक्ति होता है, उसके हितों को ख्याल रखना जरूरी हैं।
गर्भवती माताओं पर विशेष ध्यान देने की जरूरत
उन्होने कहा कि गर्भवती और धात्री महिलाओं के इलाज पर विशेष ध्यान देना जरूरी हैं। गर्भवती माताओं को तत्काल इलाज की जरूरत होती है और कई बार विलम्ब होने के कारण रास्ते में भी डेलिवरी हो जाती है, जिससे पूरे स्वास्थ्य विभाग की बदनामी होती हैं। उन्होने कहा कि प्रदेश में जच्चा-बच्चा के टीकाकरण के काम में तेजी लाना जरूरी हैं। राज्य शासन जनता को मुफ्त इलाज, मुफ्त जाँच और मुफ्त दवा देने के लिए कृतसंकल्पित हैं। राज्य शासन द्वारा गर्भवती माताओं को घर से लाने-ले जाने की भी सुविधा उपलब्ध कराई जाती हैं।
उन्होने जिला अस्पताल में चिकित्सकों को संबोधित करते हुए कहा कि चिकित्सकगण मरीजों के साथ अच्छा व्यवहार करें, उनका ठीक ढ़ंग से इलाज करें और सही समय पर अस्पताल आयें। चिकित्सकों को कभी भी सेवा देने के लिए अस्पताल बुला लिया जाता है, इसलिये उनके निवास कैम्पस में ही बनाये जाते हैं। इस अवसर पर क्षेत्रीय विधायक श्री संजय शुक्ला विशेष रूप से मौजूद थे। उन्होने महिला चिकित्सकों से गर्भवती माताओं की डेलिवरी के संबंध में विशेष रूप से चर्चा की। उन्होने कहा कि पीसी सेठी अस्पताल में अभी कुछ कमियाँ हैं। कमियाँ पूरी होते ही उसे शुरू कर दिया जायेगा।
पीसी सेठी अस्पताल में आज से लिफ्ट शुरू
उन्होने बताया कि आज से पीसी सेठी अस्पताल की लिफ्ट ने काम करना शुरू कर दिया हैं। उन्होने कहा कि राज्य शासन द्वारा आशा कार्यकर्ताओं को नियमित किया जायेगा। इस संबंध में सर्वेक्षण, आंकलन और बजट प्रबंधन पर राज्य शासन द्वारा गंभीरता पूर्वक विचार-विमर्श किया जा रहा हैं।

फसल नुकसानी पर मंत्री ने की कलेक्टर से चर्चा
स्वास्थ्य मंत्री श्री तुलसी सिलावट ने सांवेर तहसील सहित जिले के अन्य गांवों में पाला से फसलों की नुकसानी पर चिंता जताई है। उन्होने इस बावद् कलेक्टर श्री लोकेश जाटव से आज चर्चा की और सर्वे के निर्देश दिये। कलेक्टर श्री जाटव ने बताया कि जिले में राजस्व और कृषि विभाग का अमला नुकसानी का सर्वे कर रहा है।
फसल नुकसानी सर्वे तुरंत चालु करें—– मंत्री श्री सिलावट
शीतलहर से पूरे विधानसभा में 300 से अधिक ग्रामों सैकडों किसानों की फसलें आलु, चना, बटला, सब्जी और गेहू नष्ट हो गए है, जिसके कारण किसान की आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। आप क्षेत्र के पटवारी को निर्देश देवे कि वे तुरंत कृषि भूमि पर उगी फसलों का सर्वे कर उनकी रिपोर्ट की एक प्रति गांव के चौपाल पर लगाये। सर्वे से पहले उस गांव में चौकीदार से डोंडी पिटवा कर सभी को सूचना देवे। और साथ में खडे होकर सर्वे कराए और रिपोर्ट में किसी भी प्रकार की कार्य में लापरवाही होने पर हम सहन नहीं करेंगे। यह समय किसानों की दुख: का समय है इस समय प्रशासन को पुरा सहयोग करना चाहिये।
उक्त निर्देश लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने आज रेसीडेंसी कोठी में सांवेर, इंदौर के चारों एसडीएम और कलेक्टर जिला इंदौर को दिये। इस संबंध में अनुविभागीय अधिकारी श्री बिहारी सिंह ने सैकडो किसानों की उपस्थिति में कहा कि सभी ग्रामों में 62 पटवारियों द्वारा 6 दिन से सेर्वे कराकर रिपोर्ट दी जाएगी जिन कृषको का सर्वे नहीं हुआ है वह मुझे बताए में उसका सर्वे स्वयं करूंगा।
इस अवसर पर एसडीएम श्री रजनीश श्रीवास्तव, श्री रविश श्रीवास्तव श्री प्रतुल सिंह, तहसीलदार श्री संजय वागमरे, अर्चना, कृष्क व्लाक अध्यक्ष भारत सिंह, राम सिंह पारिया, सुभाष चौधरी, रवि दुबे, विक्रम चौहान मौजूद थे।


